Saturday, 19 December 2015

To my love

खुद्किस्मत है वो काजल
जो तेरी आँखों मैं बसता है
आंशुओं के सहारे
जो तेरे साथ साथ चलता हैं
सोचता हूँ कभी काजल मैं होता
साथ मैं तेरे अक्सर होता
आँशु चाहे ख़ुशी या गम के होते
तेरी पलकों के नीचे हमेशा सोता
साथ हो तेरा तो दिल मेरा चलता है
खुद्किस्मत है वो काजल
जो तेरी आँखों मैं बसता है
By-Rajesh sharma 

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